तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
मत रुठो ननदी हमारी, मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी।।
मेरे गांव में सुनरा बहुत हैं,
मेरे गांव में सुनरा बहुत हैं,
सुनरा बहुत हैं सुनरा बहुत हैं,
सुनरा बहुत हैं सुनरा बहुत हैं,
भारी सी नथ गड़वाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
भारी सी नथ गड़वाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी।।
मेरे गांव में बजजिया बहुत हैं,
मेरे गांव में बजजिया बहुत हैं,
बजजिया बहुत हैं, बजजिया बहुत हैं,
बजजिया बहुत हैं, बजजिया बहुत हैं,
तोहे साड़ी नई दिलवाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तोहे साड़ी नई दिलवाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी।।
मेरे गांव में दर्जी बहुत हैं,
मेरे गांव में दर्जी बहुत हैं,
दर्जी बहुत हैं, दर्जी बहुत हैं,
दर्जी बहुत हैं, दर्जी बहुत हैं,
तोहे चोली नई सिलवाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तोहे चोली नई सिलवाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी।।
मेरे गांव में हलवाई बहुत हैं,
मेरे गांव में हलवाई बहुत हैं,
हलवाई बहुत हैं, हलवाई बहुत हैं,
हलवाई बहुत हैं, हलवाई बहुत हैं,
तोहे लड्डू, पेड़े दिलवाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तोहे लड्डू, पेड़े दिलवाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
मत रुठो ननदी हमारी, मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी,
तुम्हें अच्छा भात पहनाए दूंगी मत रुठो ननदी हमारी।।